- Ganga
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- Dec 09, 2021
Varanasi Shayari
Jahan Ganga ki har lehar mein Kashi ki aastha basi hai.
Varanasi shayari Kashi ki asli aatma ko chhoo leti hai - Ganga ki dhaara, Assi Ghat ki shaamein aur Kashi Vishwanath ke dwar ki shraddha, wahi bhaav jo log 'varanasi shayari in hindi' ya 'kashi vishwanath shayari' dhoondte waqt talaashte hain.
- Last Updated on Aug 11, 2026
तुम गंगा की पवित्र धारा,
- Ganga
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- Dec 09, 2021
जब मैं बनारस जाता हूँ
तो दो जगह जाना नहीं भूलता हूँ,
इक गंगा मैया का तट
दूसरा बाबा विश्वनाथ का पट…
- Ham
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- Dec 09, 2021
इश्क़ ढूंढने निकले थे
पुराने लम्हें याद आ गये,
उन लम्हों को बिताने हम
गंगा तट अस्सी घाट आ गये.
- Khubsoorat
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- Dec 09, 2021
माँ गंगा ने अपनी धारा से जिसे संवारा है,
बड़ा खूबसूरत अस्सी घाट का किनारा है.
- Dil
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- Dec 09, 2021
जो बाबा विश्वनाथ के द्वार आता है,
आध्यात्म का आत्म सुख पाता है,
माँ गंगा की आरती को जिसने देखा
उसके दिल में इक बनारस बस जाता है.
- Mahadev
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- Dec 09, 2021
महादेव के भक्तों को सत्य पर गुरूर हैं,
बनारस का प्रेम भी पूरी दुनिया में मशहूर है.
- Ganga
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- Dec 09, 2021
नासमझी में पत्थर समझा,
समझ आया तो पारस हो गया,
उसने गंगा-सा ऐसे छुआ मुझको
कि मेरा रोम-रोम बनारस हो गया.
- Musibat
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- Dec 09, 2021
मुसीबत में सब साथ छोड़ देते है
तब बाबा थामते हाथ अनाथ की,
सच्चे हृदय से जय जयकार लगाओ
काशी वाले बाबा विश्वनाथ की.
- Ghar
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- Dec 09, 2021
कर्म तेरे अच्छे है तो किस्मत तेरी दासी है,
नियत तेरी अच्छी है तो घर में मथुरा काशी है.
- Kaam
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- Dec 09, 2021
जीवन में कोई काम ना हो,
आ रही हो बहुत ज्यादा उबासी,
एक बार जरूर घूम कर जाना
मोक्ष प्रदायिनी दिव्य काशी।
- Shankar
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- Dec 09, 2021
कंकर-कंकर मेरा शंकर,
मैं लहर-लहर अविनाशी हूँ,
मैं काशी हूँ, मैं काशी हूँ,
मैं काशी हूँ , मैं काशी हूँ.
– कुमार विश्वास
- Banaras
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- Dec 09, 2021
तुम्हें मैंने अपने दिल में
इस तरह से बसाया है,
जैसे गंगा किनारे भगवान शिव ने
दिव्य बनारस बसाया है.
- Gyaan
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- Dec 09, 2021
बनारस में मणिकर्णिका घाट
जीवन के सत्य को 24 घंटे दिखाता है,
इस घाट पर कुछ देर बैठने मात्र से
ही आध्यात्म और सत्य का ज्ञान हो
जाता है.
- Ganga
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- Dec 09, 2021