दिन कुछ ऐसे गुज़ारता है कोई Admin / Aug 11, 2026 दिन कुछ ऐसे गुज़ारता है कोई दिन कुछ ऐसे गुज़ारता है कोई जैसे एहसाँ उतारता है कोई.... Din kuchh aise guzaarata hai koee Jaise ehasaan utaarata hai koee.... Shayari 2 Line Shayari Din Shayari Kuch Shayari
किसी का इंतज़ार नहीं करती, अपनी राह खुद बनाती हूँ, गिरूँ तो खुद उठती हूँ, हर मंज़िल खुद पाती हूँ। Sep 24, 2026