तुमसे ना कट सके गा अंधेरों का ये सफ़र

तुमसे ना कट सके गा अंधेरों का ये सफ़र

तुमसे ना कट सके गा अंधेरों का ये सफ़र ,.,
के अब शाम हो रही है ,मेरा हाथ थाम लो ,.,.,!!


Tumase na kat sake ga andheron ka ye safar ,.,
Ke ab shaam ho rahee hai ,mera haath thaam lo ,.,.,!!