क्या हसीन इत्तेफ़ाक था तेरी गली में आने का

क्या हसीन इत्तेफ़ाक था तेरी गली में आने का

क्या हसीन इत्तेफ़ाक था तेरी गली में आने का.,
किसी काम से आए थे और किसी काम के न रहे


Kya haseen ittefaak tha teree galee mein aane ka.,
Kisee kaam se aae the aur kisee kaam ke na rahe