कि मोहब्बत हो और महबूब पास न हो

कि मोहब्बत हो और महबूब पास न हो

कि मोहब्बत हो और महबूब पास न हो ,
ऐ ! खुदा ये जुल्म कभी किसी के साथ न हो ।।


Ki mohabbat ho aur mahaboob paas na ho ,
Ai ! khuda ye julm kabhee kisee ke saath na ho ..