ज़हरीली हवा किसी का चेहरा नहीं देखती Admin / Sep 24, 2026 ज़हरीली हवा किसी का चेहरा नहीं देखती ज़हरीली हवा किसी का चेहरा नहीं देखती, हर सांस को बचाना अब हमारी ज़िम्मेदारी है। Zehreeli hawa kisi ka chehra nahi dekhti, har saans ko bachaana ab hamari zimmedari hai. Shayari National Pollution Control Day Shayari
किसी का इंतज़ार नहीं करती, अपनी राह खुद बनाती हूँ, गिरूँ तो खुद उठती हूँ, हर मंज़िल खुद पाती हूँ। Sep 24, 2026