चूड़ियां खनकती हैं, मेहंदी सूखती है, आज हर गली उत्सव की आँखों से देखती है।

चूड़ियां खनकती हैं, मेहंदी सूखती है, आज हर गली उत्सव की आँखों से देखती है।

चूड़ियां खनकती हैं, मेहंदी सूखती है, आज हर गली उत्सव की आँखों से देखती है।


Choodiyan khankti hain, mehendi sookhti hai, Aaj har gali utsav ki aankhon se dekhti hai.