मजबूरियां शिकायतें परेशानियाँ तकलीफों की बोरियां

मजबूरियां शिकायतें परेशानियाँ तकलीफों की बोरियां

मजबूरियां शिकायतें परेशानियाँ तकलीफों की बोरियां

मजबूरियां, शिकायतें,परेशानियाँ,
तकलीफों की बोरियां, ढोते ढोते
ना जाने कब अरमानों का थैला कहाँ खो गया...!


Majabooriyaan, shikaayaten,pareshaaniyaan,
Takaleephon kee boriyaan, dhote dhote
Na jaane kab aramaanon ka thaila kahaan kho gaya...!