जीवन भर भटका किये, खली न मन की गाँठ

जीवन भर भटका किये, खली न मन की गाँठ

जीवन भर भटका किये, खली न मन की गाँठ
उसका रास्ता छोड़कर, देखी उसकी बात


Jeevan bhar bhataka kiye, khalee na man kee gaanth
Usaka raasta chhodakar, dekhee usakee baat