कौन समझ पाया हैं आज तक हमें

कौन समझ पाया हैं आज तक हमें

कौन समझ पाया हैं आज तक हमें...
हम अपने हादसों के इक लोते गवाह है...


Kaun samajh paaya hain aaj tak hamen...
Ham apane haadason ke ik lote gavaah hai...