कैसा वक़्त है यह उसे फुर्सत नहीं मुझे याद करने की

कैसा वक़्त है यह उसे फुर्सत नहीं मुझे याद करने की

कैसा वक़्त है यह, उसे फुर्सत नहीं मुझे याद करने की,
कभी वो शख्स मेरी ही सांसों से जिया करता था !!


Kaisa vaqt hai yah, use phursat nahin mujhe yaad karane kee,
Kabhee vo shakhs meree hee saanson se jiya karata tha !!