अपना तो आशिकी का किस्सा-ए-मुख्तसर है

अपना तो आशिकी का किस्सा-ए-मुख्तसर है

अपना तो आशिकी का किस्सा-ए-मुख्तसर है,
हम जा मिले खुदा से दिलबर बदल-बदल कर।


Apna Toh Aashiqi Ka Kissa-e-Mukhtsar Hai,
Hum Ja Mile Khuda Se Dilbar Badal-Badal Kar.